
हमारी पटना बैठक बीजेपी के खिलाफ जन आंदोलन बनेगी – ममता बनर्जी !
अगली बैठक 12 जुलाई को शिमला में सहमति और 2024 -चुनाव की रणनीति तय होगी।
बीजेपी के खिलाफ एक जुट विपक्ष ने 2024 के लोकसभा चुनाव में मिलकर शिकस्त
देने का प्लान बनाया है।
बीजेपी की केंद्र सरकार को धराशाही करने के लिए सभी बड़े राज्यों के दल और नेता
अपनी सरकार बचाने के लिए एक जुट हो गए।
महाराष्ट्र से एन सी पी के शरद पवार , उद्धव ठाकरे , जम्मू -कश्मीर से उमर अब्दुल्ला ,
मेहबूबा मुफ़्ती , तमिलनाडु के मुख़्यमंत्री स्टालिन , झारखण्ड से मुखयमंत्री हेमंत सोरेन ,
सी पी एम के सीताराम येचुरी , सी पी आई के डी के राजा और अखिलेश यादव बैठक में हाज़िर रहे।
पटना बैठक की मेजबानी बिहार के मुख्यमंत्री नीतिश कुमार और उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने
मिलकर सफल बनायी।
बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दो टूक बीजेपी की तानाशाही को आड़े हाथों लिया।
उन की सरकार को काम न करने देने के लिए राज भवन सक्रिय हैं।
ई डी और सी बी आई पोलिटिकल टूल बने हुए हैं।
पटना की बैठक हमेशा देश का जन आंदोलन बनती हैं।
हम बीजेपी के खिलाफ यूनाइटेड हैं और अब एक जुट होकर मुकाबला करेंगे।
ममता बनर्जी ने कहा है – हम विपक्षी नहीं, देश के जागरूक नागरिक हैं।
मणिपुर जल रहा है और हम लोगों की पीड़ा से आहत हैं।
अब बीजेपी की तानाशाही को खत्म करना है।
माले के दीपांकर भट्टाचार्य ने बीजेपी को भारतीय सत्ता पार्टी कहा,
जो हर दाव से सत्ता पर काबिज रहना चाहती है।
उमर अबदुल्ला ने अरविंद केजरीवाल को याद दिलाया – आज दिल्ली की सत्ता
छीन जाने के भय से विपक्ष का साथ चाहिए – पहले कई कानूनों को पास कराने में बीजेपी के साथ रहे हैं।
नीतिश कुमार ने कहा – बीजेपी आजादी का इतिहास भूलाना चाहती है।
बीजेपी को सत्ता से बाहर करने के लिए मिलकर प्रत्याशी तय करना है।
किडनी ट्रांसप्लांट के बाद लालू यादव पहली बार विपक्षी बैठक में
शामिल हुए – अब मैं बिलकुल फिट हूं और बीजेपी को फिट करना बाकि है।
अगली बैठक की मेजबानी कांग्रेस पार्टी 12 जुलाई को शिमला में करेगी।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडसे ने कहा – जहां से भी राहुल गांधी की 4 हजार किमी
भारत जोड़ो यात्रा गुजरी है, वहां सब लोकतंत्र की बहाली के लिए एकजुट हुए हैं।
पदचिह्न टाइम्स।